सहारनपुर:पुलिस लाइन में तैनात सिपाही पर रेप का मुकदमा दर्ज कराया है। युवती का आरोप है कि सिपाही ने उसके घर में घुसकर रेप किया। इसके बाद धमकी देकर वहां से फरार हो गया। युवती ने पुलिस पर मुकदमा दर्ज होने के बावजूद भी कार्रवाई न करने के आरोप लगाते हुए एसएसपी को प्रार्थनापत्र सौंपा है।
थाना सदर बाजार क्षेत्र में रहने वाली युवती का कहना है कि उसकी पहचान पुलिस लाइन में तैनात सिपाही से हो गई थी। सिपाही ने उसका नंबर ले लिया। आरोप है कि एक दिन सिपाही ने उसे फोन किया और मिलने को कहा। युवती ने सिपाही से मिलने से इंकार किया। इसके बाद सिपाही उसके घर पर आ
सदर बाजार थाने में दर्ज कराई एफआईआर ■ पुलिस पर कार्रवाई न करने के आरोप लगाए
गया। इसके बाद तमंचा दिखाकर उसके साथ रेप किया। युवती ने सिपाही की वीडियो भी बना ली। युवती ने एसएसपी से मामले की शिकायत की थी। शिकायत के बाद सिपाही विशाला धामा निवासी खेकड़ा थाना बागपत के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया। युवती का आरोप है कि मुकदमा दर्ज होने के बावजूद भी सिपाही को गिरफ्तार नहीं किया गया। एसएसपी को पत्र लिखकर गिरफ्तारी की मांग की गई है।
देहरादून। अभिषेक लूथरा निवासी: डी-92 फ्लैट नं. 1 रेसकोर्स रोड देहरादून द्वारा अपने पिता के साथ आकर चौकी फव्वारा चौक पर सूचना दी कि उनके घर में काम करने वाली युवती नाबालिक मृतिका उम्र 15 वर्ष द्वारा उनके घर के बाथरूम में फांसी लगाई गयी थी, जिसे वे अपने घर मे काम करने वाले अन्य लोगों की सहायता से नीचे उतारकर उपचार हेतु कोरोनेशन अस्पताल ले गये, जहां डाक्टरों द्वारा उसे मृत घोषित कर दिया।
उच्चाधिकारीगणों को अवगत कराते हुए वरिष्ठ उप निरीक्षक नेहरू कालोनी मय पुलिस बल के मौके पर पहुंचे तथा
मौके पर फील्ड यूनिट की टीम को बुलाकर घटना स्थल की फोटोग्राफी/ विडियोग्राफी करते हुए आवश्यक साक्ष्य संकलन की कार्यवाही की गई तथा घर पर लगे सीसीटीवी कैमरों के डीवीआर को कब्जे में लिया गया। महिला उप निरीक्षक कुसुम पुरोहित द्वारा मृतका के शव का पंचायतनामें की कार्यवाही की गई। साथ ही वीडियोग्राफी कराते हुए मृतका के शव का 3 डाक्टरों के पैनल के माध्यम से पोस्टमार्टम कराया गया। मृतका के सम्बन्ध में जानकारी करने पर ज्ञात हुआ कि मृतका नाबालिक पुत्री लक्ष्मी साहनी निवासी मुजफ्फरपुर बिहार हाल निवासी खान वाली गली धर्मपुर देहरादून अपने माता पिता तथा 4अन्य भाई बहनो के साथ रहती थी तथा भाई-बहनों में सबसे बडी थी। घटना के सम्बन्ध में मृतका के पिता लक्ष्मी साहनी द्वारा उसकी हत्या किये जाने के सम्बन्ध में दी गई तहरीर के आधार पर थाना नेहरू कालोनी में मुअसंः 78/24 धारा 302, 323, 354, 342 भादवि तथा 7/8 पोक्सो एक्ट, 3 (क)/4 बाल श्रम प्रतिशेध अधि 1986 बनाम अभिषेक उर्फ राजा लूथरा, उसकी पत्नी तथा 1अन्य अज्ञात व्यक्ति के विरूद्ध अभियोग पंजीकृत किया गया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए पूर्व में ही पुलिस द्वारा संदिग्धों को तत्काल हिरासत में लिया गया था, जिनसे पूछताछ की जा रही है।
गाजियाबाद: साहिबावाद क्षेत्र शालीमार गार्डन स्थित शिव चौक के पास रूद्र योगी हीलिंग फाउंडेशन द्वारा 1 मार्च 24 को एक दिवसीय स्वैच्छिक रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। शिविर का संचालन 4 बजे तक किया जायेगा। शिविर में रक्त दान करने वाले सभी रक्तदाताओं को रूद्र योगी हीलिंग फाउंडेशन टीम की ओर से प्रशस्ति पत्र और एक हेलमेट देकर सम्मानित भी किया।
रूद्र योगी हीलिंग फाउंडेशन टीम के सोनू कसाना ने बताया कि रक्तदान को हमेशा महादान कहा गया है। आप खून देकर सिर्फ दूसरो की जान नहीं बचाते बल्कि आप अपनी सेहत को भी फायदा पहुंचाते है। रक्तदान करने से आपका स्ट्रेस कम होता है। आपका शरीर फिट रहता है खून गाढ़ा नहीं होता खून के गाढ़ा होने से कई रोगों की शुरुआत होती है रक्त दान करके हार्ट अटैक का भी खतरा भी टला रहता है। साथ ही दिल से जुड़ी बीमारी आपसे कोसों दूर रहेंगी। रक्तदान करने के लिए वजन 50 किलो होना चाहिए, कम वजन वाले रक्त दान नही कर सकते रक्त दान करते समय आपका स्वास्थ्य अच्छा होना यदि आपको सर्दी, फ्लू, मिर्गी, कोई अन्य संक्रमण है तो आप दान नही कर सकते।
देहरादून:संयुक्त नागरिक संगठन द्वारा दून महायोजना समीति की बैठक को बताया गया।खानापूर्ति।संगठन द्वारा मुख्य सचिव, मुख्यमंत्री, जिला मजिस्ट्रेट तथा एमडीडीए को भेजे गये मांग पत्र मे बताया गया हे की आपत्तियो के निराकरण हेतु दिसम्बर 2023 मे भारत सरकार, प्रदेश सरकार तथा शासन को संगठन ने सम्बन्धित विषयपर दून घोषणापत्रजारी करते हुए, मांग पत्र भेजे थे।इनमे आपत्तियो को लेने की अन्तिम तिधी बढाये जाने की भी मांग की गयी थी।
पत्र मे कुछ विषय एमडीडीए की भावी महायोजना के क्रियान्वयन को लेकर भी थे जिनके निराकरण की तत्काल आवश्यकता है।संगठन की मांग थी कि महायोजना जो अंग्रेजी भाषा में प्रकाशित थी,को,हिंदी भाषा में प्रकाशित कराकर सभी संचार माध्यमों के द्वारा प्रसारित किया जाय।परन्तु प्राधिकरण द्वारा लाखों दूनवासियो के आम जनजीवन की सुरक्षा,संरक्षण,स्वास्थ्य,व्यवसाय आदि से संबद्ध इस योजना को अभी तक जानबूझकर हमारे सुझावों के अंतर्गत प्रचारित प्रसारित नहीं कराया गया है।इसे कराया जाए।
महायोजना सुनवाई समिति का गठन कब किसने किया?पता नही है।जबकी इसकी बैठक तहसील के हाल कमरे में प्रस्तावित है और खानापूर्ति इसका उद्देश्य है।इसको पुनः नगरनिगम या मुख्यमंत्री आवास के प्रेक्षाग्रह में सरकार तथा शासन के प्रतिनिधियों के साथ आयोजित कराकर विशाल स्तर पर आमजन से सुझाव दिए जाने जरूरी है।अन्यथा ऐसी सुनवाई का औचित्य ही अधूरा है।संगठन की मांग है कि अब तक प्राधिकरण को प्राप्त 800 से अधिक आपत्तियां सुझाव जिनमे हमारे सुझाव भी शामिल है उन पर क्या-क्या निर्णय लिये गये है।इनको सार्वजनिक रूप से प्रकाशित कराया जाए।इस सम्बन्ध मे प्राधिकरण के अधिकारियो को आदेश जारी किये जायेअन्यथा आमजन सूचना का अधिकार तथा उच्च न्यायालय मे उपलब्ध विकल्पो का भी उपभोग कर सकते है।जो शासन की कार्यप्रणाली पर आक्षेप होगा।
देहरादून: मंडी समिति के पूर्व अध्यक्ष एवं वरिष्ठ आप नेता ने उत्तराखंड में चल रहे विधानसभा सत्र को गैरसैंण में न कराए जाने को लेकर दून स्थित विधानसभा गेट पर पानी की बाल्टी के साथ अर्द्ध नग्न होकर पहुंचे और वहां पर हंगामा काटा और जहां से उन्हें पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। इस अवसर पर आप नेता रविन्द्र सिंह आनंद ने कहा कि उत्तराखंड के विधायकों एवं मंत्रियों द्वारा विधानसभा सत्र गैरसैंण में न कराए जाने को लेकर ठंड का बहाना बनाया था।
उन्होंने उत्तराखंड के मुख्यमंत्री कैबिनेट मंत्री और नेताओं को सीख देने के लिए अनोखा ढंग अपनाया। उन्होंने लोकल इंटेलिजेंस और एलआईयू को चकमा देते हुए अपने कपड़े उतार कर विधानसभा गेट के सामने उत्तराखंड बचाओ गैरसैंण जाओ के नारे लगाकर आइसक्रीम खाते हुए पानी की बाल्टी से नहाने का प्रयास किया।
इस दौरान पुलिस बल ने बलपूर्वक उन्हें रोक दिया। इस दौरान उन्होंने कहा कि हम पहाड़ी लोग हैं हिमालय रीजन में रहते हैं हमको ठंड नहीं लग सकती इसलिए विधायक और मंत्रियों को सीख देने हेतु उन्होंने इस प्रकार का हथकंडा अपनाया। यदि हम लोग ही ठंड का बहाना बनाकर के पहाड़ नहीं चढ़ेंगे तो पलायन किस प्रकार रुकेगा। उन्होंने कहा कि आज उत्तराखंड के मुख्यमंत्री, मंत्रीगण और विधायकगण पहाड़ और गैरसैंण से मुंह मोड़ चुके हैं और पहाड़ चढ़ना नहीं चाहते है। उन्होंने कहा कि यहां तक कि सभी माननीयों ने देहरादून में आवास बना लिया है और इन माननीयों के बच्चे भी यहीं स्कूलों में पढ़ रहे हैं और साथ ही ब्याह, शादी तक भी देहरादून में आयोजित कर रहे हैं जिससे पहाड़ की अनदेखी हो रही है। इस दौरान पुलिस ने बलपूर्वक उन्हें गिरफ्तार कर जीप में बैठा लिया और गिरफ्तार कर पुलिस लाइन ले गई और जिन्हें बाद में छोड़ दिया गया।
मुंबई। मशहूर गजल गायक पंकज उधास का सोमवार को 72 साल की उम्र में मुंबई में निधन हो गया। वे लंबे समय से बीमार चल रहे थे। उनके परिवार ने ट्वीट कर उनके निधन की जानकारी दी। परिवार ने बयान में कहा, बहुत भारी मन से, हम आपको लंबी बीमारी के कारण 26 फरवरी, 2024 को पद्मश्री पंकज उधास के दुखद निधन के बारे में सूचित करते हुए दुखी हैं। पंकज उधास पिछले कुछ समय से मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में भर्ती थे, जहां सोमवार सुबह करीब 11 बजे उन्होंने अंतिम सांस ली। पंकज उधास का अंतिम संस्कार मंगलवार को किया जाएगा। पंकज उधास के निधन पर गायक सोनू निगम उनकी मौत पर प्रतिक्रिया देकर लिखा, मेरे बचपन का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा आज खो गया है। पंकज उधास जी, मैं आपको हमेशा याद करूंगा। यह जानकर मेरा दिल रोता है कि आप नहीं रहे। जीवन का हिस्सा होने के लिए आपका शुक्रिया। पंकज उधास का जन्म 17 मई 1951 को गुजरात के जेतपुर में हुआ था। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत 1980 में ‘आहट’ नाम से एक गजल एल्बम जारी करके की। जल्द ही, वह भारत में गजल संगीत का पर्याय बन गए। बॉलीवुड में, गजल गायक ने फिल्म ‘नाम’ के लिए लोकप्रिय ट्रैक ‘चिट्ठी आई है’ गाया था। यह गाना बहुत लोकप्रिय हुआ और इस गाने ने सभी को रुला दिया था। पंकज को भारत के चौथे सर्वोच्च नागरिक पुरस्कार, पद्म श्री से भी सम्मानित किया जा चुका है। पंकज ने 1982 में फरीदा उधास से शादी की और उनकी एक बेटी रेवा उधास और एक बेटे नायाब उधास हैं। एजेंसी
देहरादून:भाजपा समर्थक मंच के उत्तराखंड प्रदेश अध्यक्ष सचिन दीक्षित ने प्रदेश कार्यकारिणी की ओर से उपनल कर्मियों का अधिकतम वेतन बढ़ाए जाने पर मुख्यमंत्री श्री पुष्कर धामी जी का कोटि-कोटि आभार व्यक्त कराया…….. सच्चे दीक्षित ने आज दिनांक 26 फरवरी 2024 को पत्रकारों के माध्यम से आभार व्यक्त करते हुए कहा एक तरफ केंद्र सरकार माननीय मोदी जी उत्तराखंड राज्य के लिए लाभकारी योजनाएं देने का काम कर रही है भाई दूसरी और राज्य सरकार लाभान्वित करने वाले सरकारी अर्द्ध सरकारी अधिकारी कर्मचारियों के लिए उत्साह पूर्वक कार्य करते हुए एक से बढ़कर एक फैसले लेने का काम कर रही है… उक्त सरने काम को देखकर मान्य मुख्यमंत्री जी का भाजपा समर्थक मंच प्रदेश कार्यकारिणी उत्तराखंड का कोटि-कोटि धन्यवाद आभार व्यक्त करती है…
सचिन दीक्षित ने कहा एक तरफ आज विधानसभा में बजट सत्र आहूत हो रहा है वही अभी थोड़ी देर पहले राज्य सरकार ने उपनल कर्मियों के हितों में जो फैसला लिया है उसका लाभ प्रदेश के अंदर सरकारी अर्द्ध सरकारी कार्यालय में अपनी सेवाएं प्रदान कर रहे हो अपने कर्मियों के साथ ही उनके परिवार के लोगों को भी मिलेगा….
सचिन दीक्षित ने बताया पिछले काफी समय से उपनल कर्मियों का और अन्य पीआरडी आउटसोर्स से लगे हुए कर्मचारियों का धरना प्रदर्शन और शासन स्तर पर भी एवं पत्रकारों के माध्यम से अलग-अलग बैनर मंच के माध्यम से उनके इस मांग को पिछले काफी समय से उठाया रहा था जिसमें भाजपा समर्थक मंच ने भी अपने स्तर पर ज्ञापन प्रेषित करते हुए उक्त मामले का संज्ञान लेकर मुख्यमंत्री श्री पुष्कर धामी जी से उचित कार्यवाही हेतु ज्ञापन प्रेषित किया था…..
जिस पर जनता के लोकप्रिय नेता मुख्यमंत्री भाई पुष्कर धामी जी के द्वारा जो निर्णय लिया गया है वह बधाई के पात्र हैं।
देहरादून:मुख्यमंत्री आवास कार्यालय में गौरव सैनानी एसोसिएशन उत्तराखंड ने पिछले 6 महीने के लम्बे इंतजार के बाद आखिरकार समय मिल ही गया एसोसिएशन माननीय मुख्यमंत्री जी को उत्तराखंड के पूर्व सैनिकों के हितों के 16 सूत्रीय मांगों पर बातचीत व मिलने का समय मांगा था लेकिन हर बार समय नहीं दिया गया जब 14 फरवरी पुलवामा शहीद दिवस पर गौरव सैनानी द्वारा मुख्यमंत्री आवास कूच करने के लिए चीड़ बाग में हजारों पूर्व सैनिकों को एकत्रित हुए तो अचानक मुख्यमंत्री जी के जनसंपर्क अधिकारी शौर्य स्थल चीड़बाग में माननीय मुख्यमंत्री जी के संदेश लेकर पहुंचे और सभी को सुनाया और कहा कि सभी गौरव सैनानियों को कूच न करने को कहा और 21 फरवरी से 23 फरवरी तक मुख्यमंत्री जी से मिलने की बात कही लेकिन फिर भी कुछ नहीं हुआ और 23 फरवरी का समय बीत जाने के बाद जब गौरव सैनानी एसोसिएशन ने जनसंपर्क अधिकारी को फिर से विधानसभा कूच करने के लिए कहा तो अचानक आज मुख्यमंत्री आवास कार्यालय से मिलने का समय दिया गया जिसमें गौरव सैनानी एसोसिएशन उत्तराखंड को पूर्व सैनिकों, वीर नारियों व सैनिक आश्रित परिवारों की कल्याणकारी योजनाओं के मुख्य 16 मांगों पर चर्चा के लिए बुलाया गया जिसमें एसोसिएशन के अध्यक्ष महावीर सिंह राणा जी ने मुख्यमंत्री जी को स्पष्ट कहा कि प्रदेश के गौरव सैनानी पिछले 6 महीने से आपसे मिलने का समय मांग रहे हैं लेकिन प्रदेश के पूर्व सैनिकों को मिलने का समय नहीं दिया गया।आज गौरव सैनानी एसोसिएशन उत्तराखंड ने माननीय मुख्यमंत्री जी को जो पूर्व सैनिकों के हितों के 16 सूत्रीय मांगों के बिंदु दिये है ये सभी बिन्दुओं पर उत्तराखंड के सभी जिलों के सभी पूर्व सैनिक संगठनों के प्रतिनिधिमंडल के साथ मिलकर चर्चा करके इन सभी बिंदुओं पर विचार विमर्श किया गया इन महत्वपूर्ण बिंदुओं पर पूर्व में किसी के द्वारा पूर्व सैनिकों के हितों में पहले कभी भी संज्ञान नहीं लिया गया है आज वार्ता में मुख्यमंत्री जी ने गौरव सैनानियों की बातों को ध्यानपूर्वक सुना और आज उत्तराखंड में पूर्व सैनिकों की कल्याणकारी योजनाओं में जो अनियमितताओं हो रही है इन पर जल्दी विचार विमर्श करने को कहा और सैनिक कल्याण मंत्रालय के साथ मिलकर इन 16 सूत्रीय मांगों पर गौरव सैनानी एसोसिएशन के साथ जल्द ही बैठक वार्ता की जायेगी और इन बिंदुओं पर संज्ञान लिया जायेगा।आज उत्तराखंड में पूर्व सैनिकों को सिर्फ 5 प्रतिशत आरक्षण दिया जाता है जब कि हमारे पड़ोसी राज्य हिमाचल प्रदेश में 15 प्रतिशत और पंजाब में 13 प्रतिशत आरक्षण दिया जाता है। लेकिन उत्तराखंड आज आरक्षण के मामले पर सबसे निचले पायदान पर है और जनसंख्या के आधार पर दूसरे नंबर पर है। उत्तराखंड बहुत बड़ा सैनिक बाहुल्य प्रदेश है पर आज पूर्व सैनिकों व सैनिक आश्रित परिवारों की अनदेखी की गई है आज उपनल में भी बहुत ज्यादा अनियमितताएं है जिसके बारे में भी मुख्यमंत्री जी से चर्चा की गई।आज गौरव सैनानी एसोसिएशन उत्तराखंड द्वारा समाचार पत्रों के माध्यम से भी 16 सूत्रीय मांगों के बिंदुओं को सार्वजनिक किया जा रहा है। एसोसिएशन निरंतर पूर्व सैनिकों के हितों में लगातार कार्य कर रहा है। और पूरे उत्तराखंड में एसोसिएशन का विस्तार कर रहा है ताकि पूर्व सैनिकों को उनकी कल्याणकारी योजनाओं,उनकी समस्याओं के समाधान से अवगत कराया जाय और संगठन को मजबूत किया जाय आज गौरव सैनानी एसोसिएशन उत्तराखंड के कार्यों से प्रत्येक दिन कई पूर्व सैनिक संगठन में जुड़ रहे हैं। उत्तराखंड के सभी पूर्व सैनिक संगठनों को एकजुट होकर चलना चाहिए ताकि प्रदेश में पूर्व सैनिकों , शहीद परिवारों, सैनिक आश्रित परिवारों की मांगों को पूरा किया जा सकता है।🙏
श्रीनगर। कीर्तिनगर विकासखंड में आतंक का पर्याय बने गुलदार को आखिकार गोली मारकर ढेर कर दिया है। इस गुलदार ने दो दिनों के अंदर 9 लोगों पर हमला किया था। गुलदार को मारने के लिए चार गोली चलाई गई थी। चौथी गोली गुलदार को लगी, जिसमें वो ढेर हो गया। वन विभाग का कहना है कि गुलदार को आत्मरक्षा में मारा गया है।
इसके बाद स्थानीय लोगों ने राहत की सांस ली है। वन विभाग की टीम ने बताया कि गुरुवार 22 फरवरी को कीर्तिनगर विकासखंड के नैथाणा और डांग गांव में गुलदार ने पांच महिलाओं पर हमला किया था। पांचों महिलाओं का श्रीकोट के बेस हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया था।
गुलदार के इन हमलों के बाद से हो इलाके के लोग काफी डरे हुए थे। वहीं, इन हमलों के बाद वन विभाग की टीम गुलदार को पकड़ने के लिए इलाके में सर्च ऑपरेशन चल रही थी। गुलदार देवप्रयाग विधायक विनोद कंडारी के आवास के चंद कदमों की दूरी पर होटल में कमरे में घुस गया था।
होटल मालिक ने समझारी दिखाते हुए कमरे का दरवाजा बंद किया और विधायक व वन विभाग को तत्काल गुलदार की सूचना दी। लेकिन वन विभाग को टीम के मौके पर पहुंचने से पहले से ही गुलदार कमरे की खिड़की से खेत में भाग गया, जहां गुलदार ने एसडीओ अनिल पैन्यूली, वनकर्मी महावीर, गुडू और तेज सिंह पर हमला किया। इसके बाद गुलदार को मारने के लिए वन विभाग के शूटरों को भी बुलाया गया, जिन्होंने करीब आठ घंटे तक गुलदार का पीछा किया करीब आठ घंटे को कड़ी मशक्कत के बाद शूटरों ने गुलदार को ढेर किया। गुलदार को ढेर करने वाली टीम को देवप्रयाग विधायक विनोद कंडारी ने 15000 हजार रुपए का नकद इनाम देने की घोषणा की है।
दूधली में शहीद स्थल तोड़ने पर मचा बवाल गौरव सैनानी पूर्व सैनिको ने वन विभाग के साथ भू माफियाओं के मिली भगत के लगाये आरोप
दूधली में फोरेस्ट व राजस्व की भूमि पर खुले आम भू माफियाओं द्वारा प्लाटिंग की तैयारी शासन प्रशासन नींद में मौके पर पहुंचे वन विभाग की टीम व राजस्व विभाग की टीम बिना फैसले के हुई गायब
देहरादून:22 फरवरी दूधली के केमरी गांव में आज सैकड़ों गौरव सैनानी पूर्व सैनिकों और क्षेत्रवासियों द्वारा वन विभाग व राजस्व विभाग की टीम को भारी विरोध का सामना करना पड़ा मामला बीते कुछ दिनों पूर्व का है जब केमरी दूधली में सड़क किनारे एक भूमि पर जंगलात के फोरेस्टर द्वारा शहीद सैनिकों की याद में बनाई गई शहीद स्मारक को तोड़ा गया दूधली पूर्व सैनिक संगठन द्वारा कैमरी दूधली में काफी समय पहले सड़क के नजदीक एक शहीद स्मारक का निर्माण हुआ था जिसे फोरेस्टर द्वारा वन विभाग की भूमि बताकर तोड़ा गया ग्रामीणों का आरोप है कि भू माफियाओं द्वारा वन विभाग की मिली भगत से इस शहीद स्मारक को तोड़ा गया लेकिन उस समय फोरेस्टर द्वारा यह कहा गया कि वन विभाग अपनी भूमि चिह्नित करके तारबाड़ करेगा जिसमें कुछ भूमि राजस्व विभाग की भी है
लेकिन कुछ दिन बाद ही वहां पर खुले आम भू माफियाओं द्वारा पुस्ता डालने व भरान का काम किया जा रहा है जिसके विरोध में दूधली पूर्व सैनिक संगठन द्वारा शासन प्रशासन के कई चक्कर लगाये गये लेकिन कुछ नहीं हुआ इसिलिए आज मौके पर राजस्व विभाग व वन विभाग की टीम को बुलाया गया लेकिन कुछ देर बाद बिना फैसला किये ये सभी मौके से भाग गये।
इस पर सैकड़ों गौरव सैनानी पूर्व सैनिकों , महिलाओं ने इसका जमकर विरोध किया एसोसिएशन के अध्यक्ष महावीर सिंह राणा ने बताया कि जब वन विभाग की भूमि के एक छोर पर देश की सरहदों पर अपने प्राण न्यौछावर करने वाले शहीदों के स्मारक स्थल को तोड़ा गया तो वन विभाग की भूमि पर प्लाटिंग कैसे की जा सकती है आने वाले समय में इसी प्लाटिंग को जब हमारे आम जनता लोग खरीदेंगे तो की सालों बाद यह जमीन विवादित या राजस्व निकलेगी और सबका पैसा बर्बाद होगा।भू माफिया अपनी मोटी कमाई करके निकल जायेंगे आज उत्तराखंड में हर क्षेत्रों में यही हो रहा है।
लेकिन हम उत्तराखंड सरकार से अनुरोध करते हैं कि इस मामले को संज्ञान में लिया जाय नहीं तो जंगल , नदी भी भू माफिया मिलीभगत से बेच दिए जायेंगे।जब शहीद स्थल नही हो सकता तो भू माफियाओं का कब्जा हम नहीं होने देंगे।आज इस मौके पर दूधली पूर्व सैनिक संगठन के अध्यक्ष राजेंद्र प्रसाद, सत्य प्रकाश डबराल, गिरीश जोशी, दिनेश नैथानी, मनवर सिंह रौथाण,विजय भट्ट, कुलदेव सिंह,मोहन सिंह, चेत्रपाल,रामेश्वर राणा, विरेन्द्र कंडारी,खुशाल परिहार,विक्रम कंडारी,देव सिंह पटवाल,विरेश भट्ट, विनोद सिंह आदि सैकड़ों पूर्व सैनिक व क्षेत्रवासी मौजूद थे।
सैनिक बाहुल्य प्रदेश में मिलीभगत से भू माफियाओं द्वारा आज शहीदों के स्मारक पर भी उत्तराखंड में हमला हो रहा है। बड़ा दुर्भाग्य है। जय हिन्द जय भारत 🇮🇳🙏